चौमूं । पुराने बीपीएल कार्ड धारियों की समीक्षा करवा कर नवीन बीपीएल सर्वे करवाए जाने की मांग को लेकर मंगलवार को नगर पालिका पार्षद राजेश कुमार वर्मा ने केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर को ज्ञापन भेजा।
ज्ञापन में वर्मा ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले परिवारों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से बीपीएल जनगणना वर्ष 2002 में करवाई गई थी। परंतु 21 वर्ष का लंबा समय व्यतीत हो जाने के उपरांत भी बीपीएल जनगणना नहीं करवाई गई है।
ज्ञापन मे वर्मा ने मांग की की पूर्व में जारी बीपीएल कार्ड धारकों के समस्त सदस्यों की आय का आकलन करवाया जाए यदि, परिवार का कोई सदस्य सरकारी सेवा/ अर्द्ध सरकारी सेवा/ निकाय आदि में कार्यरत है तो पूर्व में जारी उस परिवार का कार्ड निरस्त किया जाए। किसी भी बीपीएल कार्ड धारक के परिवार के सदस्य यदि सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनाएं जैसे मनरेगा आदि का लाभ उठा रहे हैं तो पूर्व में जारी उस परिवार का कार्ड निरस्त किया जाए।
योजना को बेहतर व पारदर्शी बनाने हेतु शुरुआत में 5 वर्ष का बीपीएल कार्ड जारी किया जाए। उसके बाद संबंधित तहसीलदार द्वारा आय प्रमाण पत्र प्राप्त करने के बाद ही पंचायत /नगर पालिका/ नगर परिषद /नगर निगम से बीपीएल कार्ड का नवीनीकरण किया जाए।
ज्ञापन के माध्यम से वर्मा ने बताया कि गरीबी (निर्धनता) का अनुपात प्रतिवर्ष परिवर्तित होता रहता है। एक तरफ तो गरीब परिवारों की आर्थिक स्थिति में सुधार होने के कारण वे गरीबी रेखा से ऊपर आ जाते हैं तो वहीं दूसरी तरफ जनसंख्या वृद्धि के कारण नवीन गरीबों की संख्या में बढ़ोतरी होती जा रही है। अतः पूर्व में जारी बीपीएल कार्ड धारकों की समीक्षा करवा कर नवीन बीपीएल जनगणना करवाने की मांग की।
